जानें अपनी संस्कृति को – Know Your Culture

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Hamari Sanskriti AnmolGyan Char Vedaआनन्दमय जीवन की कला
=> दो पक्ष : Do Paksha
1- कृष्ण पक्ष, 2- शुक्ल पक्ष ।
=> तीन ऋण : Teen Rin
1- देवऋण, 2- पितृऋण, 3- ऋषिऋण ।
=> चार युग : Char Yug
1- सतयुग, 2- त्रेतायुग, 3- द्वापरयुग, 4- कलियुग ।
=> चार धाम : Char Dham
1- द्वारिका, 2- बद्रीनाथ, 3- जगन्नाथपुरी, 4- रामेश्वरमधाम ।
=> चार पीठ : Char Peeth
1- शारदा पीठ (द्वारिका), 2- ज्योतिष पीठ (जोशीमठ बद्रिधाम), 3- गोवर्धन पीठ (जगन्नाथपुरी), 4- शृंगेरीपीठ ।
=> चार वेद : Char Veda
1- ऋग्वेद, 2- अथर्वेद, 3- यजुर्वेद, 4- सामवेद ।
=> चार आश्रम : Char Aashram
1- ब्रह्मचर्य, 2- गृहस्थ, 3- वानप्रस्थ, 4- संन्यास ।
=> चार अंतःकरण : Char Antahkarana
1- मन, 2- बुद्धि, 3- चित्त, 4- अहंकार ।
=> पञ्च गव्य : Pancha Gavya
1- गाय का घी, 2- दूध, 3- दही, 4- गोमूत्र, 5- गोबर ।
=> पञ्च देव : Pancha Dev
1- गणेश, 2- विष्णु, 3- शिव, 4- देवी, 5- सूर्य ।
=> पंच तत्व : Pancha Tatva
1- पृथ्वी, 2- जल, 3- अग्नि, 4- वायु, 5- आकाश ।
=> छह दर्शन : Chhah Darshan
1- वैशेषिक, 2- न्याय, 3- ऋषांख्य, 4- योग, 5- पूर्व मिसांसा, 6- दक्षिण मिसांसा ।
=> सप्तऋषि : Saptarishi
1- विश्वामित्र, 2- जमदाग्नि, 3- भरद्वाज, 4- गौतम, 5- अत्री, 6- वशिष्ठ, 7- कश्यप ।
=> सप्त पुरी : Sapt Puri
1- अयोध्यापुरी, 2- मथुरापुरी, 3- मायापुरी (हरिद्वार), 4- काशीपुरी, 5- कांचीपुरी (शिन कांची-विष्णु कांची), 6- अवंतिकापुरी, 7- द्वारिकापुरी ।
=> आठ योग : Atha Yoga
1- यम, 2- नियम, 3- आसन, 4- प्राणायाम, 5- प्रत्याहार, 6- धारणा, 7- ध्यान, 8- समाधि ।
=> आठ लक्ष्मी : Atha Lakshmi
1- आग्घ, 2- विद्या, 3- सौभाग्य, 4- अमृत, 5- काम, 6- सत्य, 7- भोग, 8- योग लक्ष्मी ।
=> नव दुर्गा : Nav Durga
1- शैल पुत्री, 2- ब्रह्मचारिणी, 3- चंद्रघंटा, 4- कुष्मांडा, 5- स्कंदमाता, 6- कात्यायिनी, 7- कालरात्रि, 8- महागौरी एवं 9- सिद्धिदात्री ।
=> दस दिशाएं : Das Dishayen
1- पूर्व, 2- पश्चिम, 3- उत्तर, 4- दक्षिण, 5- ईशान, 6- नैऋत्य, 7- वायव्य, 8- अग्नि, 9- आकाश, 10- पाताल ।
=> मुख्य 11 अवतार : Mukhya 11 Avtar
1- मत्स्य, 2- कश्यप, 3- वराह, 4- नरसिंह, 5- वामन, 6- परशुराम, 7- श्री राम, 8- कृष्ण, 9- बलराम, 10- बुद्ध, 11- कल्कि ।
=> 12 मास : 12 Mas
1- चैत्र, 2- वैशाख, 3- ज्येष्ठ, 4- अषाढ, 5- श्रावण, 6- भाद्रपद, 7- अश्विन, 8- कार्तिक, 9- मार्गशीर्ष, 10- पौष, 11- माघ 12- फागुन ।
=> 12 राशि : 12 Rashi
1- मेष, 2- वृषभ, 3- मिथुन, 4- कर्क, 5- सिंह, 6- कन्या, 7- तुला, 8- वृश्चिक, 9- धनु, 10- मकर, 11- कुंभ, 12- कन्या ।
=> 12 ज्योतिर्लिंग : 12 Jyotirlinga
1- सोमनाथ, 2- मल्लिकार्जुन, 3- महाकाल, 4- ओमकारेश्वर, 5- बैजनाथ, 6- रामेश्वरम, 7- विश्वनाथ, 8- त्र्यंबकेश्वर, 9- केदारनाथ, 10- घुष्नेश्वर, 11- भीमाशंकर, 12- नागेश्वर ।
=> पंद्रह तिथियाँ : 15 Tithiyan
1- प्रतिपदा, 2- द्वितीय, 3- तृतीय, 4- चतुर्थी, 5- पंचमी, 6- षष्ठी, 7- सप्तमी, 8- अष्टमी, 9- नवमी, 10- दशमी, 11- एकादशी, 12- द्वादशी, 13- त्रयोदशी, 14- चतुर्दशी, 15- पूर्णिमा, अमावास्या ।
=> स्मृतियां : Smritiyan
1- मनु, 2- विष्णु, 3- अत्री, 4- हारीत, 5- याज्ञवल्क्य, 6- उशना, 7- अंगीरा, 8- यम, 9- आपस्तम्ब, 10- सर्वत, 11- कात्यायन, 12- रहस्पति, 13- पराशर, 14- व्यास, 15- शांख्य, 16- लिखित, 17- दक्ष, 18- शातातप, 19- वशिष्ठ ।

– © सत्यव्रत मिश्र ‘सत्य’ –

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